यदि आप निम्नलिखित में से किसी अपराध के बारे में जानकारी देना चाहते हैं तो ऐसी जानकारी किसी महिला पुलिस अधिकारी या किसी अन्य महिला अधिकारी को ही दर्ज करानी होती है:
- तेजाब के फेंकने के चलते महिला का गंभीर तरह से जख्मी होना
- स्वेच्छा से तेजाब फेंकना या फेंकने की कोशिश करना
- उसकी शालीनता को ठेस पहुंचाने के इरादे से, आपराधिक बल से महिला पर प्रहार
- यौन उत्पीड़न
- निर्वस्त्र करना
- रतिदर्शन
- तंग करने के लिये पीछा करना
- बलात्कार
- बलात्कार जिसके चलते उसकी मौत हो जाय या वह आजीवन वानस्पतिक अवस्था में चली जाय
- पति-पत्नि के अलग होने के बाद, पति द्वारा बलत्कार
- सामूहिक बलात्कार
- शब्दों, इशारों या हरकतों से महिला की शालीनता को भंग करना
ऊपर बताए गए 3 से 12 तक के अपराधों के लिए अगर किसी मानसिक या शारीरिक विकलांगता (अस्थाई या स्थायी दोनों) से पीड़ित किसी महिला पर ऐसा अपराध किया गया है या ऐसे अपराध का आरोप लगाया गया है तो ऐसी जानकारी किसी पुलिस अधिकारी को उनके आवास या किसी ऐसे स्थान पर दर्ज की जाएगी जो रिपोर्टिंग करने वाले व्यक्ति के लिए सुविधाजनक हो। परिस्थितियों के आधार पर, वे रिपोर्ट करने के लिये किसी दुभाषिए या विशेष शिक्षाविद् की सहायता का भी अनुरोध कर सकते हैं।


Raxita Pandit
September 19, 2025
Maine ek insaan ko mujhe blackmail kar raha tha uske khilaf FIR darj ki hai to ab mujhe kya Krna hoga mujhe chaiye ki police usse meri photos videos delete karwaye
Sikha
February 8, 2026
1. FIR की एक Copy पुलिस से लें
यह आपके पास होना ज़रूरी है। इससे आपके केस की कार्रवाई ट्रैक होती है।
2. IO (Investigation Officer) को लिखित में आवेदन दें
आपको तुरंत IO/SHO को एक छोटा सा आवेदन देना चाहिए कि:
आरोपी के मोबाइल से
लैपटॉप से
पेन ड्राइव से
क्लाउड/Google drive/WhatsApp से
आपकी Photos/Videos तुरंत जब्त कर जांच की जाए और delete की जाए।
अगर आप चाहें तो मैं यह आवेदन भी अभी आपके लिए बना दूँ।
3. Police का क्या दायित्व होता है?
ब्लैकमेल, धमकी, निजी फोटो/वीडियो साझा करने जैसी स्थिति में पुलिस को:
✔ आरोपी का मोबाइल/डिवाइस तुरंत सीज (seize) करना
✔ Forensic टीम (FSL) से उसकी जाँच करवाना
✔ Digital data की कॉपियाँ सुरक्षित रखना
✔ आपकी निजी फोटो/वीडियो को
या तो forensic backup के बाद
कोर्ट के आदेश पर
या आपकी written request पर
स्थायी रूप से delete करवाना
यह कानून का हिस्सा है। आपकी प्राइवेसी की रक्षा करना पुलिस की जिम्मेदारी है।
4. अगर पुलिस डिलीट नहीं करवा रही है तो क्या करें?
आप कर सकते हैं:
✔ SP/SSP को शिकायत
“Digital evidence से निजी कंटेंट हटाने की कार्रवाई नहीं की जा रही है।”
✔ Cyber Cell में आवेदन
Cyber Cell ऐसे मामलों में बहुत तेजी से action लेता है।
✔ महिला हेल्पलाइन पर शिकायत
1090 (Women Power Line – कई राज्यों में)
112 (Emergency Response)
181 – Women Helpline
5. Court से भी Order लिया जा सकता है
यदि पुलिस तेजी से delete नहीं करा रही है, तो आप अपने वकील के द्वारा:
एक Application u/s Section 497 in the Bharatiya Nagarik Suraksha Sanhita (BNSS), 2023
या, Digital Privacy Protection Application
दाखिल कर सकते हैं, जिसमें कोर्ट पुलिस को आदेश देगा कि आपकी photos/videos तुरंत आरोपी के फोन/क्लाउड से हटाई जाएँ।